सिर्फ पैंतालीस रुपये रोज की बचत और जिंदगीभर की कमाई का पक्का जुगाड़: क्या है एलआईसी का यह सीक्रेट प्लान?
LIC Jeevan Umang Plan details : अरे भाई, क्या आप भी सोच रहे हैं कि बुढ़ापे में किसी के आगे हाथ न फैलाना पड़े और हर साल जेब में मोटा पैसा आता रहे? अगर हाँ, तो एलआईसी की जीवन उमंग पॉलिसी आपके लिए एकदम फिट बैठती है। आज के समय में हर कोई चाहता है कि उसकी कमाई का एक हिस्सा ऐसी जगह लगे जहाँ रिस्क कम हो और फायदा पक्का मिले। यह प्लान कुछ ऐसा ही जादू दिखाता है जहाँ आपको सौ साल की उम्र तक गारंटी के साथ पैसा मिलता रहता है।
क्या है यह जीवन उमंग प्लान और क्यों है खास?
यह पॉलिसी एलआईसी का एक होल लाइफ यानी पूरी उम्र वाला प्लान है। इसका मतलब यह है कि इसमें आपको न सिर्फ बीमा का कवर मिलता है, बल्कि एक निश्चित समय के बाद हर साल आमदनी भी शुरू हो जाती है। सबसे मजेदार बात यह है कि जब आप प्रीमियम भरना बंद कर देते हैं, तब असली खेल शुरू होता है। इसके बाद कंपनी आपके बेसिक सम एश्योर्ड का आठ प्रतिशत हर साल आपके खाते में भेजती रहती है।
कौन ले सकता है यह पॉलिसी और क्या हैं नियम?
इस योजना को लेने के लिए उम्र का दायरा बहुत ही शानदार रखा गया है। घर में नन्हा मेहमान पैदा होने के नब्बे दिन बाद से लेकर पचपन साल तक का कोई भी व्यक्ति इसे ले सकता है। इसमें कम से कम दो लाख रुपये का सम एश्योर्ड लेना पड़ता है, और अधिकतम की कोई लिमिट नहीं है। आप अपनी सुविधा के हिसाब से पंद्रह, बीस, पच्चीस या तीस साल का प्रीमियम भरने का विकल्प चुन सकते हैं।
हर महीने सिर्फ इतने रुपये देकर ऐसे बनाएं पांच लाख पर चालीस हजार का फंड
अब ज़रा गणित समझ लेते हैं ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो जाए। मान लीजिए कि छब्बीस साल की उम्र में किसी ने पांच लाख रुपये का सम एश्योर्ड चुना और तीस साल वाला विकल्प ले लिया। ऐसे में उसे हर महीने महज तेरह सौ सरसठ रुपये यानी रोज के करीब पैंतालीस रुपये जमा करने होंगे। तीस साल तक पैसे भरने के बाद जब उसकी उम्र छप्पन साल होगी, तो प्रीमियम का झंझट खत्म हो जाएगा।
छप्पन की उम्र से लेकर सौ साल तक लगातार बरसेगा पैसा
जैसे ही छप्पन साल की उम्र पूरी होगी, पांच लाख का आठ प्रतिशत यानी चालीस हजार रुपये सालाना मिलना शुरू हो जाएगा। यह पैसा तब तक मिलता रहेगा जब तक पॉलिसीधारक सौ साल का नहीं हो जाता। मतलब साफ है कि छप्पन से लेकर सौ साल की उम्र तक कुल सत्रह लाख साठ हजार रुपये की गारंटीड कमाई सिर्फ सर्वाइवल बेनिफिट के रूप में मिल जाएगी। और तो और, जब सौ साल पूरे होंगे, तब मैच्योरिटी के वक्त अलग से पांच लाख रुपये और बोनस का मोटा हिस्सा हाथ लगेगा।
टैक्स की बचत और बीच में पैसे की जरूरत पर नियम
भैया, कमाई के साथ-साथ बचत भी बहुत जरूरी होती है। इस पॉलिसी में आयकर कानून की धारा अस्सी सी के तहत टैक्स की छूट मिलती है और जो पैसा बाद में मिलता है वह भी धारा दस दस डी के तहत पूरी तरह टैक्स फ्री होता है। अगर कभी बीच में पैसों की सख्त जरूरत पड़ जाए, तो तीन साल लगातार प्रीमियम भरने के बाद पॉलिसी पर लोन की सुविधा भी मिल जाती है। नियम के मुताबिक, पॉलिसी लेने के बाद पंद्रह दिन का फ्री-लुक पीरियड भी मिलता है ताकि अगर मन न भरे तो आप इसे वापस भी कर सकते हैं।
