मानसून ने फिर पकड़ी जोरदार रफ्तार, दिल्ली से लेकर मध्य प्रदेश तक झमाझम बारिश का अलर्ट
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मौसम विभाग ने देश के बीस से अधिक राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
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दिल्ली-एनसीआर में इक्कीस और बाईस जुलाई के लिए बारिश का विशेष येलो अलर्ट घोषित किया गया है।
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मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में तेज हवाओं के साथ झमाझम बरसात होने की पूरी संभावना है।
Monsoon update July 2026 , मानसूनी हवाओं का मिजाज एक बार फिर बदल चुका है और बादलों ने आसमान में अपना डेरा जमा लिया है। अगर आप सोच रहे थे कि उमस भरी गर्मी से राहत मिलने वाली नहीं है, तो आपके लिए अच्छी खबर है। मौसम विभाग यानी आईएमडी ने साफ कर दिया है कि देश के बीस से ज्यादा राज्यों में अगले कुछ दिनों तक बादलों की मेहरबानी बरसने वाली है। दिल्ली से लेकर अपने मध्य प्रदेश और पहाड़ों तक पानी ही पानी नजर आने वाला है।
राजधानी दिल्ली की बात करें तो यहां मौसम एकदम सुहाना होने को तैयार है। मौसम विभाग ने साफ कह दिया है कि इक्कीस और बाईस जुलाई को दिल्ली-एनसीआर में झमाझम बारिश होगी। सुबह से ही काले बादलों ने डेरा डाल रखा है और तापमान में भी गिरावट दर्ज की जा रही है। हल्की ठंडी हवाएं चलने से लोगों को चिलचिलाती गर्मी से राहत मिल रही है।
मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में कैसा रहेगा मौसम का हाल
अपने मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में भी मानसून पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड़ने की पूरी संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक इस दौरान पैंतालीस किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं और कई जगहों पर आकाशीय बिजली गिरने का खतरा भी बना हुआ है। इसलिए किसानों और आम जनता को थोड़ा संभलकर रहने की जरूरत है।
छत्तीसगढ़ और विदर्भ के इलाकों में भी झमाझम पानी गिरने का अनुमान जताया गया है। कुछ खास जगहों पर तो भारी से बहुत भारी बारिश होने की आशंका है, जिससे निचले इलाकों में पानी भर सकता है। प्रशासन ने भी अपनी तरफ से पूरी तैयारी कर ली है ताकि किसी को परेशानी न हो।
पहाड़ों से लेकर मैदानों तक झमाझम बरसेंगे बदरा
पहाड़ी इलाकों की बात करें तो हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में लगातार बारिश का दौर जारी रहने वाला है। इन इलाकों में चौबीस घंटे मौसम खराब रहने की चेतावनी दी गई है। पहाड़ों पर हो रही इस भारी बारिश की वजह से भूस्खलन यानी लैंडस्लाइड का खतरा बढ़ जाता है, इसलिए पर्यटकों और स्थानीय लोगों को अनावश्यक यात्रा न करने की सलाह दी गई है।
पंजाब, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में भी मानसून मेहरबान है। इन मैदानी राज्यों में तेज हवाओं के साथ लगातार बारिश होने की संभावना है। पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में अच्छी-खासी बरसात दर्ज की जा सकती है, जिससे किसानों के चेहरे खिल उठे हैं।
बिहार, झारखंड और पूर्वोत्तर राज्यों में भी चेतावनी
पूर्वी भारत के राज्यों जैसे बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल में भी बादलों का तांता लगा हुआ है। बिहार में बाईस से पच्चीस जुलाई के बीच कई जगहों पर भारी बारिश हो सकती है। इसके अलावा झारखंड और ओडिशा में भी मानसून सक्रिय है।
पूर्वोत्तर के राज्यों यानी असम, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश और त्रिपुरा में भी मूसलाधार बारिश का दौर देखने को मिल रहा है। लगातार हो रही बारिश की वजह से नदियों और नालों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। मौसम विभाग ने आम जनता से अपील की है कि वे जलभराव वाले इलाकों से दूर रहें और प्रशासन की गाइडलाइंस का पूरा पालन करें।
