शादी के दो महीने बाद पति की हत्या का आरोप, पत्नी और कथित प्रेमी गिरफ्तार, जंगल में मिला शव
MP crime update : मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले से सामने आए एक सनसनीखेज मामले ने पूरे इलाके को हिला दिया है। जिस युवक की पहले गुमशुदगी दर्ज हुई थी, उसकी कुछ दिनों बाद जंगल से लाश मिलने के बाद पुलिस जांच ने ऐसा मोड़ लिया, जिसने हर किसी को हैरान कर दिया। पुलिस का दावा है कि इस हत्या की साजिश मृतक की पत्नी और उसके कथित प्रेमी ने मिलकर रची। मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और पुलिस आगे की जांच में जुटी हुई है। यह घटना इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि मृतक की शादी को अभी करीब दो महीने ही हुए थे। शुरुआती जांच में सामने आए तथ्यों के बाद यह मामला पूरे मध्य प्रदेश में चर्चा का विषय बन गया है।
बताया जा रहा है कि वह मनीराम की शादी में भी शामिल हुआ था। पुलिस का आरोप है कि इसी भरोसे का फायदा उठाकर उसने कथित साजिश को अंजाम देने की योजना बनाई।
शादी के दो महीने बाद सामने आया खौफनाक आरोप
पुलिस के अनुसार मृतक की पहचान 22 वर्षीय मनीराम रैकवार के रूप में हुई है। वह छतरपुर जिले के सटई थाना क्षेत्र का रहने वाला था। परिवार ने पहले उसके लापता होने की सूचना दी थी। लगातार तलाश के बावजूद जब उसका कोई पता नहीं चला तो चिंता बढ़ गई। कुछ दिन बाद जंगल के एक नाले से सड़ी-गली अवस्था में शव बरामद हुआ। पहचान होने के बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच के दौरान मिले तकनीकी और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों ने मामले को पूरी तरह बदल दिया।गुमशुदगी से हत्या तक कैसे पहुंची जांच?
शुरुआत में पुलिस हर संभावित पहलू पर काम कर रही थी। मृतक के मोबाइल कॉल रिकॉर्ड, आखिरी लोकेशन और उससे संपर्क में रहने वाले लोगों की जानकारी जुटाई गई। इसी दौरान जांच की दिशा बदलने लगी। पुलिस के मुताबिक पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मृतक की पत्नी पर संदेह हुआ। आगे की पूछताछ में कथित तौर पर हत्या की साजिश से जुड़े अहम तथ्य सामने आए। इसके बाद पुलिस ने पत्नी, उसके कथित प्रेमी और एक अन्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। अधिकारियों का कहना है कि मामले में जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।दोस्ती के बहाने बनाया भरोसा
जांच में सामने आया कि मुख्य आरोपी अखिलेश पटेल ने पहले मनीराम से दोस्ती की थी। वह अक्सर उसके घर आता-जाता था और परिवार का भरोसा भी जीत चुका था। यही वजह रही कि उसके आने-जाने पर किसी को कोई संदेह नहीं हुआ।
बताया जा रहा है कि वह मनीराम की शादी में भी शामिल हुआ था। पुलिस का आरोप है कि इसी भरोसे का फायदा उठाकर उसने कथित साजिश को अंजाम देने की योजना बनाई। 