लाड़ली बहनों के लिए बड़ी खबर! 40वीं किस्त में मिलेंगे ₹1500, जानें कब तक आएगा पैसा
Mp Big News,Ladli Behna Yojana 40th Kist: मध्य प्रदेश की करोड़ों बहनों के फोन पर एक ही सवाल बार-बार आ रहा है इस बार किस्त कब आएगी? लाड़ली बहना योजना की 40वीं किस्त का इंतजार अब हर घर की चर्चा बन चुका है। डॉ मोहन यादव सरकार हर महीने पात्र महिलाओं के बैंक खाते में सीधी आर्थिक मदद भेजती है। यह पैसा किसी बिचौलिए से नहीं, बल्कि सीधे डीबीटी के जरिए आधार से जुड़े खाते में पहुंचता है।
15 सितंबर से पहले आ सकती है 40वीं किस्त
सरकार का तय पैटर्न रहा है कि हर महीने की 10 से 15 तारीख के बीच किस्त जारी होती है। इस हिसाब से उम्मीद जताई जा रही है कि सितंबर 2026 की किस्त भी 15 तारीख से पहले महिलाओं के खातों में पहुंच जाएगी। इस बार सितंबर में गणेश चतुर्थी और दूसरे त्योहार भी पड़ रहे हैं, इसलिए कई महिलाएं यह भी उम्मीद लगाए बैठी हैं कि सरकार त्योहारों को देखते हुए किस्त थोड़ा जल्दी जारी कर सकती है। हालांकि सटीक तारीख की पुष्टि सरकार की आधिकारिक घोषणा के बाद ही होगी।
पिछली किस्त में मिला था रक्षाबंधन का तोहफा
19 अगस्त को सरकार ने योजना की 39वीं किस्त जारी की थी। यह तारीख रक्षाबंधन से ठीक पहले की थी, इसलिए सरकार ने नियमित 1500 रुपये के साथ 250 रुपये अतिरिक्त गिफ्ट के तौर पर भी ट्रांसफर किए थे। यानी उस महीने बहनों के खाते में कुल 1750 रुपये आए थे। इस बार चूंकि सितंबर में ऐसा कोई विशेष त्योहार जुड़ा तोहफा घोषित नहीं हुआ है, इसलिए फिलहाल नियमित 1500 रुपये मासिक सहायता ही खाते में आने की उम्मीद है।
किन महिलाओं को मिलता है योजना का फायदा
लाड़ली बहना योजना का लाभ मध्य प्रदेश की स्थानीय निवासी विवाहित महिलाओं को दिया जाता है। इसमें विधवा, तलाकशुदा और परित्यक्ता महिलाएं भी शामिल हैं। आवेदन वाले साल की 1 जनवरी को महिला की उम्र 21 साल पूरी होनी चाहिए और उम्र 60 साल से कम होनी चाहिए।
इन परिवारों को नहीं मिलता योजना का लाभ
अगर किसी महिला या उसके परिवार की खुद घोषित सालाना आय ढाई लाख रुपये से ज्यादा है तो उसे योजना में जगह नहीं मिलती। परिवार में कोई इनकम टैक्स भरने वाला सदस्य होने पर भी आवेदन खारिज हो जाता है। सरकारी विभाग, निगम, मंडल या स्थानीय निकाय में स्थाई, नियमित या संविदा कर्मचारी वाले परिवार भी इस योजना के दायरे से बाहर हैं। रिटायरमेंट के बाद पेंशन पाने वाले परिवारों को भी बाहर रखा गया है।
जिस महिला को किसी और सरकारी योजना से हर महीने 1250 रुपये या उससे ज्यादा पहले से मिल रहे हैं, उसका आवेदन भी स्वीकार नहीं होता। मौजूदा या पूर्व सांसद-विधायक के परिवार, और सरकारी बोर्ड-निगम में चुने या नामित अध्यक्ष, संचालक या सदस्य के परिवार भी पात्र नहीं माने जाते।
पंच और उपसरपंच को छोड़कर स्थानीय निकायों के बाकी निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के परिवार, पांच एकड़ से ज्यादा खेती की जमीन वाले परिवार और ट्रैक्टर को छोड़कर कोई भी चार पहिया वाहन रखने वाले परिवार भी इस योजना से बाहर रहते हैं।
किस्त का पैसा आया या नहीं, कैसे चेक करें
स्टेटस चेक करने के लिए योजना के आधिकारिक पोर्टल cmladlibahna.mp.gov.in पर जाना होगा। वहां Application Status वाले सेक्शन में समग्र आईडी या आवेदन क्रमांक डालकर और रजिस्टर्ड मोबाइल पर आए ओटीपी से पेमेंट स्टेटस देखा जा सकता है। अगर पोर्टल पर दिक्कत आए या पैसा समय पर न आए तो महिलाएं हेल्पलाइन नंबर 0755-2700800 पर भी संपर्क कर सकती हैं।
योजना पर सरकार का फोकस आगे भी बना रहेगा
मध्य प्रदेश सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के बजट में लाड़ली बहना योजना के लिए 23,882 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा है। इतनी बड़ी रकम अलग रखने से यह साफ संकेत मिलता है कि आने वाले महीनों में भी किस्त का सिलसिला बिना रुकावट चलता रहेगा।
लाड़ली बहना योजना की शुरुआत 5 मार्च 2023 से हुई थी, और आज इसका फायदा मध्य प्रदेश की सवा करोड़ से ज्यादा महिलाओं तक पहुंच रहा है। हर महीने की किस्त अब लाखों घरों के बजट का जरूरी हिस्सा बन चुकी है। फिलहाल सबसे जरूरी बात यही है कि आधिकारिक घोषणा आने तक धैर्य रखें और अपनी बैंक डिटेल व आधार लिंकिंग समय-समय पर पोर्टल पर जांचते रहें, ताकि किस्त आने में कोई दिक्कत न हो।
