मुख्यमंत्री पर लगे आरोपों पर शिक्षा मंत्री का बड़ा बयान, जानिए क्या कहा
Madhya Pradesh news : नरसिंहगढ़। मध्य प्रदेश की राजनीति में इन दिनों मुख्यमंत्री से जुड़े कथित जमीन घोटाले के आरोपों को लेकर चर्चा जारी है। इसी बीच प्रदेश के स्कूल शिक्षा मंत्री राव उदय प्रताप सिंह ने इन आरोपों पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए उन्हें पूरी तरह तथ्यहीन और बेबुनियाद बताया है। उन्होंने कहा कि सरकार के खिलाफ लगाए जा रहे ऐसे आरोपों का वास्तविकता से कोई संबंध नहीं है और जनता भी इस बात को अच्छी तरह समझती है। नरसिंहगढ़ में एक निजी स्कूल के नए भवन का लोकार्पण करने पहुंचे शिक्षा मंत्री ने पत्रकारों के सामने बिना किसी लाग-लपेट के अपनी बात रखी। उन्होंने स्पष्ट कहा कि मुख्यमंत्री पर लगाए गए ये आरोप पूरी तरह से तथ्यहीन हैं। मंत्री का मानना है कि पिछले ढाई वर्षों में प्रदेश सरकार ने जिस तरह विकास की रफ्तार पकड़ी है, उसे देखकर विपक्ष के पास अब कोई ठोस मुद्दा बचा ही नहीं है। जब काम करने के लिए कोई नकारात्मक बात नहीं मिलती, तो अक्सर बौखलाहट में ऐसे निराधार दावे किए जाते हैं। शिक्षा मंत्री के अनुसार, सरकार पिछले ढाई वर्षों से प्रदेश के हर कोने में विकास की नई कहानी लिख रही है। चाहे वह शिक्षा का क्षेत्र हो, बुनियादी ढांचा हो, खेती-किसानी हो या आम आदमी की सेहत से जुड़ी स्वास्थ्य सेवाएं, सरकार हर मोर्चे पर मुस्तैदी से काम कर रही है। जब किसी सरकार का काम दिखता है, तो जनता का भरोसा उस पर अपने आप बढ़ जाता है। विपक्ष शायद इसी बढ़ते भरोसे से घबराया हुआ है। उन्हें लगता है कि जनता का ध्यान असली विकास से हटाकर विवादों की ओर मोड़ दिया जाए, लेकिन आज के दौर में प्रदेश की जनता काफी समझदार है। https://twitter.com/mpbignews/status/2070047065636589818 मंत्री ने जोर देकर कहा कि लोग जानते हैं कि कौन सच बोल रहा है और कौन सिर्फ शोर मचा रहा है। इस तरह के बेबुनियाद आरोपों से न तो सरकार की कार्यप्रणाली पर कोई असर पड़ता है और न ही जनता का नजरिया बदलता है। उन्होंने इसे विपक्ष की राजनीतिक हताशा करार दिया, जो अब जमीन पर काम करने के बजाय केवल बयानबाजी तक सिमट कर रह गई है। मंत्री का यह रुख साफ दिखाता है कि सरकार अपने लक्ष्यों पर पूरी तरह केंद्रित है और उसे विपक्ष की इन बातों से कोई फर्क नहीं पड़ता।
