मध्य प्रदेश में मानसून का रेड अलर्ट, आज इन जिलों में जमकर बरसेंगे बादल
Madhya Pradesh Rain News : मध्य प्रदेश में मानसून अब पूरी तरह से अपनी लय में आ चुका है। कुछ दिन पहले तक प्रदेश के कई हिस्से सूखे जैसे हालात का सामना कर रहे थे, लेकिन अब स्थिति बदल गई है। मानसून की सक्रियता का असर यह है कि बीती रात से ही राज्य के अलग-अलग हिस्सों में जमकर बादल बरस रहे हैं। अगर आप भोपाल के आसपास रहते हैं, तो आपने महसूस किया होगा कि दो जुलाई की रात से ही बादलों ने अपना डेरा डाल दिया था। अब अच्छी खबर यह है कि मानसून की जद से बाहर रहे रतलाम, मंदसौर, नीमच, गुना, ग्वालियर और मुरैना जैसे जिले भी अब भीगने के लिए तैयार हैं। यानी अब पूरे मध्य प्रदेश में मानसून का असर देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग की ताजा जानकारी के अनुसार, उत्तर बंगाल की खाड़ी में एक निम्न दबाव का क्षेत्र बन चुका है। इसका सीधा असर यह हो रहा है कि आने वाले दिनों में बारिश की रफ्तार और तीव्रता दोनों बढ़ने वाली हैं। वैज्ञानिकों का स्पष्ट कहना है कि शुक्रवार से प्रदेश में बारिश का दायरा और बढ़ेगा। कहीं-कहीं पर इतनी बारिश होने की उम्मीद है कि आपको छाता भी छोटा पड़ जाए। मध्य प्रदेश के भोपाल स्थित मौसम केंद्र ने खासतौर पर चेतावनी जारी की है कि अगले 24 से 48 घंटे काफी अहम रहने वाले हैं। इस भारी बारिश के पूर्वानुमान को देखते हुए हरदा और खंडवा जिले के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है। इसका मतलब यह है कि इन इलाकों में बहुत भारी बारिश हो सकती है। प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है कि वे निचले इलाकों में जाने से बचें, क्योंकि नदी और नाले उफान पर आ सकते हैं। भारी पानी की वजह से जलभराव होना स्वाभाविक है, इसलिए अगर आप इन जिलों में हैं, तो सावधानी बरतना ही समझदारी है। रेड अलर्ट के अलावा, मौसम विभाग ने छह जिलों धार, बुरहानपुर, खरगोन, बैतूल, बड़वानी और देवास के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन क्षेत्रों में 115.6 मिलीमीटर से लेकर 204.5 मिलीमीटर तक बारिश की संभावना जताई गई है। साथ ही, झोंकेदार हवाएं चलने की भी चेतावनी है। मौसम विभाग ने आम लोगों से खास अपील की है कि खराब मौसम के दौरान खेतों में काम करने से बचें। आकाशीय बिजली गिरने का खतरा ऐसे समय में सबसे ज्यादा होता है, इसलिए पेड़ों के नीचे छिपने की गलती बिल्कुल न करें। अगले 24 घंटों की बात करें तो कहीं-कहीं चार से आठ इंच तक बारिश होने की आशंका है। यह सिलसिला केवल आज तक सीमित नहीं रहने वाला है। पांच जुलाई तक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश का दौर जारी रहेगा। तीन जुलाई को धार और बड़वानी, तो चार जुलाई को खरगोन में अति भारी बारिश का रेड अलर्ट है। इसलिए घर से बाहर निकलने से पहले मौसम का हाल जरूर देख लें। आंकड़ों की बात करें तो जून का पूरा महीना आंधी और बारिश के नाम रहा है, फिर भी हम औसत से थोड़ा पीछे चल रहे हैं। अब तक प्रदेश में करीब 100.2 मिलीमीटर यानी लगभग चार इंच बारिश दर्ज हुई है। यह सामान्य वर्षा के आंकड़े 139.7 मिलीमीटर से लगभग 28 प्रतिशत कम है। हालांकि, मौजूदा मानसून की सक्रियता को देखते हुए उम्मीद है कि आने वाले कुछ दिनों में यह कमी काफी हद तक पूरी हो जाएगी।
