MP Agriculture News : मध्य प्रदेश के
नरसिंहपुर जिले में रबी विपणन वर्ष 2026-27 के दौरान समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी ने नया रिकॉर्ड बनाया है। 28 मई 2026 तक जिले के 26,173 किसानों से 19 लाख 85 हजार 890 क्विंटल गेहूं की खरीदी की जा चुकी है। जिला प्रशासन के अनुसार किसानों के बैंक खातों में 351 करोड़ 50 लाख रुपये का ऑनलाइन भुगतान भी कर दिया गया है। खरीदे गए गेहूं का अधिकांश हिस्सा गोदामों में सुरक्षित पहुंच चुका है, जबकि शेष मात्रा के परिवहन और भंडारण का काम तेज गति से जारी है। प्रशासन का उद्देश्य प्री-मानसून बारिश से पहले पूरी फसल को सुरक्षित भंडारित करना है।
पांच वर्षों में सबसे बड़ी गेहूं खरीदी
नरसिंहपुर जिले में इस वर्ष समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन पिछले पांच वर्षों की तुलना में सबसे अधिक दर्ज किया गया है। कृषि प्रधान इस जिले में बड़ी संख्या में किसानों ने सरकारी खरीद केंद्रों पर अपनी उपज बेची, जिससे उन्हें न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) का लाभ मिला। जिला आपूर्ति अधिकारी के अनुसार, 28 मई 2026 तक कुल 19.85 लाख क्विंटल गेहूं खरीदा जा चुका है। यह आंकड़ा जिले में सरकारी खरीद व्यवस्था की व्यापक पहुंच और किसानों की बढ़ती भागीदारी को दर्शाता है।
किसानों के खातों में सीधे पहुंची 351.50 करोड़ रुपये की राशि
सरकार द्वारा खरीदे गए गेहूं का भुगतान प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) प्रणाली के माध्यम से किसानों के बैंक खातों में भेजा गया है। अब तक 351 करोड़ 50 लाख रुपये का भुगतान ऑनलाइन किया जा चुका है। विशेषज्ञों का मानना है कि डिजिटल भुगतान व्यवस्था ने किसानों को पारदर्शी और समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इससे बिचौलियों की भूमिका कम हुई है और किसानों का भरोसा सरकारी खरीद प्रणाली पर बढ़ा है।
17 लाख क्विंटल से अधिक गेहूं का सुरक्षित भंडारण
प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार, अब तक 17 लाख 26 हजार क्विंटल गेहूं का सुरक्षित भंडारण विभिन्न गोदामों में किया जा चुका है। शेष लगभग 2 लाख 60 हजार क्विंटल गेहूं का परिवहन और भंडारण कार्य लगातार जारी है। जिला प्रशासन ने संबंधित विभागों और परिवहन एजेंसियों को निर्धारित समयसीमा में यह प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए हैं।
मानसून से पहले सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष जोर
मौसम विभाग द्वारा मानसून पूर्व बारिश की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने सभी खरीदी केंद्रों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। खरीदी केंद्र प्रभारियों से कहा गया है कि गेहूं के स्टॉक को ऊंचे स्थानों पर रखा जाए, उन्हें त्रिपाल से अच्छी तरह ढंका जाए और बारिश से बचाने के लिए आवश्यक इंतजाम किए जाएं। साथ ही शीघ्र परिवहन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया है।
अधिकारियों को नियमित निगरानी के निर्देश
जिला प्रशासन ने उपार्जन कार्य से जुड़े सभी नोडल अधिकारियों और जिम्मेदार विभागों को नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। अधिकारियों को खरीद केंद्रों का भ्रमण कर यह सुनिश्चित करने को कहा गया है कि भंडारण और परिवहन की प्रक्रिया बिना किसी बाधा के पूरी हो। मध्यप्रदेश स्टेट सिविल सप्लाईज कॉर्पोरेशन और अनुबंधित परिवहनकर्ताओं के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर शेष गेहूं को जल्द से जल्द सुरक्षित गोदामों तक पहुंचाने की कार्रवाई जारी है।