Sports News Without Access, Favor, Or Discretion!

  1. Home
  2. Latest Big News

नरसिंहपुर में EOW का छापा: ₹30,000 की रिश्वत लेते स्टेनो गिरफ्तार, लेकिन शिकायतकर्ता कुछ और कह रहा है कार्यवाही पर उठ रहे सवाल


  • ईओडब्ल्यू ने तेंदूखेड़ा एसडीएम कार्यालय में स्टेनो सौरभ यादव को ₹30,000 रिश्वत लेते पकड़ा।
  • शिकायतकर्ता संजय राय ने कॉलोनी का नक्शा पास करने के बदले पैसे मांगने का आरोप लगाया था।
  • ईओडब्ल्यू की 13 सदस्यीय टीम ने इस पूरी ट्रैप कार्रवाई को अंजाम दिया।
  • प्रार्थी का आरोप है कि रिश्वत की मांग एसडीएम पूजा सोनी के इशारे पर की गई थी।
  • प्रेस नोट में सिर्फ स्टेनो का नाम होने से जांच की निष्पक्षता पर सवाल उठ रहे हैं।
Narsinghpur EOW Raid News : तेंदूखेड़ा एसडीएम कार्यालय में ईओडब्ल्यू का छापा, ₹30,000 के साथ स्टेनो पकड़ाया नरसिंहपुर जिले के तेंदूखेड़ा में कल उस समय हड़कंप मच गया जब आर्थिक अपराध ब्यूरो (EOW) की एक विशेष टीम ने एसडीएम कार्यालय में दबिश दी। इस कार्रवाई में टीम ने स्टेनो सौरभ यादव को ₹30,000 की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया। यह पूरी कार्रवाई संजय राय नामक व्यक्ति की शिकायत पर की गई, जिन्होंने आरोप लगाया था कि उनकी कॉलोनी का नक्शा पास करने और निरीक्षण रिपोर्ट तैयार करने के बदले में पैसों की मांग की जा रही थी। ईओडब्ल्यू की 13 सदस्यीय टीम ने जाल बिछाकर इस भ्रष्टाचार का भंडाफोड़ किया, लेकिन गिरफ्तारी के बाद शिकायतकर्ता के बयानों ने इस पूरे मामले में एक नया और गंभीर मोड़ ला दिया है।

रंगे हाथों पकड़ा गया स्टेनो

भ्रष्टाचार के खिलाफ इस बड़ी कार्रवाई की शुरुआत तब हुई जब प्रार्थी संजय राय ने ईओडब्ल्यू से संपर्क किया। संजय का कहना था कि सरकारी काम को आगे बढ़ाने के लिए उनसे लगातार पैसों की मांग की जा रही है। ईओडब्ल्यू ने पहले शिकायत की पुष्टि की और फिर योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया। जैसे ही स्टेनो सौरभ यादव ने ₹30,000 की राशि हाथ में ली, टीम ने उन्हें दबोच लिया। आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। इस कार्रवाई की खबर जैसे ही फैली, पूरे जिले के प्रशासनिक गलियारों में सनसनी फैल गई।

शिकायतकर्ता के गंभीर आरोप

इस मामले में सबसे चौंकाने वाली बात तब सामने आई जब शिकायतकर्ता संजय राय ने मीडिया के सामने आकर बड़े खुलासे किए। संजय का सीधा आरोप है कि रिश्वत की यह रकम सिर्फ स्टेनो के लिए नहीं थी। उनका दावा है कि एसडीएम पूजा सोनी के इशारे पर ही पैसों की मांग की जा रही थी। https://twitter.com/mpbignews/status/2055123684524982641 फरियादी ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि "मैडम ने ही रिश्वत की मांग की थी।" यह बयान इसलिए भी महत्वपूर्ण हो जाता है क्योंकि आमतौर पर ऐसे मामलों में केवल निचले स्तर के कर्मचारियों पर ही गाज गिरती है। शिकायतकर्ता की इन बातों ने अब प्रशासन और जांच टीम के सामने कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

प्रेस नोट और बयानों में विरोधाभास

कार्रवाई के बाद ईओडब्ल्यू द्वारा जारी किए गए प्रेस नोट और शिकायतकर्ता की बातों में काफी अंतर देखा जा रहा है। वायरल हो रहे आधिकारिक प्रेस नोट में केवल स्टेनो सौरभ यादव को ही ₹30,000 की रिश्वत का मुख्य आरोपी बताया गया है। इसमें किसी अन्य वरिष्ठ अधिकारी की संलिप्तता का जिक्र नहीं है। नरसिंहपुर में EOW का छापा: ₹30,000 की रिश्वत लेते स्टेनो गिरफ्तार, लेकिन शिकायतकर्ता कुछ और कह रहा है कार्यवाही पर उठ रहे सवाल शिकायतकर्ता के आरोपों के बाद अब यह मामला गहन जांच का विषय बन गया है। स्थानीय लोग और सामाजिक कार्यकर्ता अब इस बात पर नजर गड़ाए हुए हैं कि क्या ईओडब्ल्यू अपनी जांच का दायरा बढ़ाकर बड़े अधिकारियों की भूमिका की भी जांच करेगी।