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Twisha Death Case update : भोपाल कोर्ट से झटका लगने के बाद समर्थ सिंह ने ली MP हाईकोर्ट की शरण, जल्द सुनवाई संभव


Twisha Death Case update : मध्य प्रदेश के बहुचर्चित ट्विशा शर्मा मौत मामले में एक बड़ा कानूनी मोड़ आया है। भोपाल जिला अदालत से अग्रिम जमानत याचिका खारिज होने के बाद, मृतका के आरोपी पति समर्थ सिंह ने अब अपनी गिरफ्तारी से बचने के लिए मध्य प्रदेश हाईकोर्ट (जबलपुर) की शरण ली है। समर्थ सिंह ने उच्च न्यायालय में अग्रिम जमानत के लिए याचिका दायर की है, जिस पर अदालत आने वाले दिनों में सुनवाई की तारीख तय कर सकती है। भोपाल पुलिस ट्विशा को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करने और उसे आत्महत्या के लिए उकसाने के मामले में समर्थ की सरगर्मी से तलाश कर रही है। कानूनी विशेषज्ञों के अनुसार, हाईकोर्ट में इस मामले के दोनों पक्षों की दलीलों पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं। ट्विशा शर्मा की संदेहास्पद मौत के बाद से ही पुलिस आरोपी पति समर्थ सिंह की तलाश में जुटी है। इससे पहले समर्थ ने भोपाल की जिला अदालत में गिरफ्तारी से बचने के लिए अग्रिम जमानत की गुहार लगाई थी। हालांकि, मामले की गंभीरता, पुलिस की डायरी और ट्विशा के परिवार द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों को देखते हुए जिला अदालत ने समर्थ की याचिका को सिरे से खारिज कर दिया था। जिला अदालत से झटका लगने के बाद समर्थ सिंह के पास हाईकोर्ट जाने का ही विकल्प बचा था। अब समर्थ के वकीलों ने जबलपुर हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर दी है। कानूनी जानकारों का कहना है कि पुलिस डायरी और शुरुआती जांच के तथ्यों को देखने के बाद ही माननीय न्यायालय तय करेगा कि आरोपी को राहत दी जाए या नहीं। यह पूरा मामला भोपाल और जबलपुर से जुड़ा हुआ है, जिसने सोशल मीडिया और कानूनी हलकों में काफी सुर्खियां बटोरी हैं। ट्विशा शर्मा की मौत के बाद उनके मायके पक्ष ने समर्थ सिंह और उनके परिवार पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का कहना है कि शादी के बाद से ही ट्विशा को अलग-अलग वजहों से मानसिक और शारीरिक तौर पर प्रताड़ित किया जा रहा था। पुलिस ने इस मामले में मृतका के परिवार के बयानों और शुरुआती सबूतों के आधार पर समर्थ सिंह के खिलाफ प्रताड़ना और आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज किया है। भारतीय कानून के तहत इस तरह के मामलों में पुलिस को आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ करने का अधिकार होता है, यही वजह है कि समर्थ लगातार गिरफ्तारी से बचने के रास्ते तलाश रहे हैं।