आमने-सामने भिड़ीं दो बसें, स्कूली बच्चों समेत 16 लोग घायल; कलेक्टर-एसपी खुद पहुंचे अस्पताल
MP News Today : गुरुवार सुबह मध्य प्रदेश के धार जिले से एक ऐसी खबर आई, जिसने पूरे इलाके को हिला दिया। नौगांव थाना क्षेत्र के गांव पीपलखेड़ा के पास एक यात्री बस और स्कूल बस आमने-सामने से टकरा गईं। टक्कर की आवाज इतनी तेज थी कि आसपास के लोग दौड़े चले आए, और देखते ही देखते मौके पर भीड़ जमा हो गई।
हादसे में कुल 16 लोग घायल हुए हैं, जिनमें चार स्कूली बच्चे भी शामिल हैं। राहत की बात यह रही कि किसी की जान नहीं गई, लेकिन सड़क पर मची अफरा-तफरी और बच्चों के घायल होने की खबर ने स्थानीय लोगों को भीतर तक झकझोर दिया।
कैसे हुआ हादसा
पुलिस के मुताबिक, यह हादसा सुबह के उस वक्त हुआ जब स्कूल बस बच्चों को लेकर अपने तय रास्ते पर जा रही थी। ठीक उसी समय दूसरी तरफ से एक यात्री बस भी उसी सड़क से गुजर रही थी। किसी वजह से दोनों वाहन आमने-सामने आ गए और टक्कर हो गई।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दोनों बसों में बैठे यात्रियों को झटका लगा और कई लोग सीटों से उछलकर गिर पड़े। कुछ ही सेकंड में मौके का नजारा बदल गया — चीख-पुकार, घबराए हुए बच्चे, और मदद के लिए दौड़ते ग्रामीण।
स्थानीय लोगों ने संभाला मोर्चा
पुलिस और एम्बुलेंस के पहुंचने से पहले ही आसपास के ग्रामीणों और राहगीरों ने राहत कार्य शुरू कर दिया था। लोगों ने बसों के दरवाजे और खिड़कियां खोलकर घायलों को बाहर निकाला। कई लोगों ने अपने निजी वाहनों का इस्तेमाल कर घायलों को नजदीकी अस्पताल पहुंचाने में मदद की।
थोड़ी देर में एम्बुलेंस भी मौके पर पहुंच गईं और बाकी घायलों को जिला भोज अस्पताल, धार ले जाया गया। इस पूरी राहत प्रक्रिया में प्रशासन और स्थानीय लोगों के बीच अच्छा तालमेल देखने को मिला।
अस्पताल में डॉक्टरों की टीम अलर्ट
जिला भोज अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. मुकुंद बर्मन ने बताया कि हादसे के बाद 16 घायल मरीज अस्पताल लाए गए, जिनमें चार बच्चे भी शामिल हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि फिलहाल किसी भी मरीज की हालत गंभीर नहीं है और डॉक्टरों की टीम सभी की सेहत पर लगातार नजर बनाए हुए है। बच्चों के घायल होने की खबर मिलते ही उनके परिजन भी अस्पताल की ओर दौड़ पड़े। अस्पताल परिसर में कुछ देर के लिए भारी भीड़ भी जमा हो गई, जिसे बाद में पुलिस ने व्यवस्थित किया।
कलेक्टर और एसपी खुद पहुंचे मौके पर
घटना की जानकारी मिलते ही प्रशासन भी हरकत में आ गया। धार कलेक्टर राजीव रंजन मीना और पुलिस अधीक्षक खुद जिला भोज अस्पताल पहुंचे और घायलों से मुलाकात की। दोनों अधिकारियों ने डॉक्टरों से हर मरीज की स्थिति की जानकारी ली और अस्पताल प्रबंधन को सख्त निर्देश दिए कि इलाज में किसी भी तरह की कोई कमी नहीं रहनी चाहिए।
कलेक्टर मीना ने कहा कि प्रशासन की पहली प्राथमिकता घायलों को समय पर और बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना है। उन्होंने अस्पताल स्टाफ को जरूरी दवाओं और संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने को भी कहा।
