IMD Bhopal rain alert : मध्य प्रदेश के लोगों को लगा था कि अब ठंड धीरे-धीरे विदाई ले रही है, लेकिन कुदरत के मन में कुछ और ही है। राज्य में एक बार फिर मौसम करवट लेने वाला है। मौसम विभाग की मानें तो आने वाले 26 जनवरी यानी गणतंत्र दिवस के बाद से प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाने और हल्की बूंदाबांदी की संभावना बन रही है। बसंत पंचमी के करीब आते ही अक्सर मौसम में नरमी देखी जाती है, लेकिन इस बार एक शक्तिशाली वेस्टर्न डिस्टरबेंस यानी पश्चिमी विक्षोभ खेल बिगाड़ने के लिए तैयार खड़ा है। इसका सीधा असर प्रदेश के उत्तरी और पश्चिमी जिलों में देखने को मिलेगा, जिससे तापमान में एक बार फिर उतार-चढ़ाव का दौर शुरू होगा।
पश्चिमी विक्षोभ लाएगा बारिश का नया दौर
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि 26 जनवरी को उत्तर-पश्चिम भारत में एक मजबूत मौसमी सिस्टम सक्रिय हो रहा है। इस सिस्टम को वेस्टर्न डिस्टरबेंस कहा जाता है, जो पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में बारिश लेकर आता है। मध्य प्रदेश भी इसके असर से अछूता नहीं रहेगा। सोमवार के बाद से ग्वालियर और चंबल संभाग के जिलों में ठंडी हवाओं के साथ हल्की बारिश हो सकती है। पिछले कुछ दिनों से धूप निकलने की वजह से दिन का तापमान सामान्य से थोड़ा ऊपर चल रहा था, लेकिन इस नए बदलाव के बाद लोगों को फिर से स्वेटर और जैकेट निकालने पड़ सकते हैं।
इन 14 जिलों में अलर्ट की स्थिति
मौसम विभाग ने विशेष रूप से प्रदेश के 14 जिलों के लिए संभावना जताई है कि वहां मौसम का मिजाज सबसे ज्यादा बदलेगा। इन जिलों में ग्वालियर, दतिया, शिवपुरी, मुरैना, भिंड और अशोकनगर जैसे शहर शामिल हैं। इसके अलावा मालवा के नीमच, मंदसौर और राजगढ़ में भी बादलों की आवाजाही के साथ फुहारें पड़ सकती हैं। बुंदेलखंड के टीकमगढ़, छतरपुर और निवाड़ी में भी हल्की वर्षा का अनुमान है। इन इलाकों में बारिश के साथ चलने वाली बर्फीली हवाएं ठिठुरन बढ़ा सकती हैं, जिससे रात के समय कड़ाके की ठंड वापस लौट सकती है।
पिछले 24 घंटों का हाल और तापमान का खेल
बीते एक दिन की बात करें तो प्रदेश का मौसम लगभग शुष्क रहा और कहीं भी बारिश रिकॉर्ड नहीं की गई। हालांकि, तापमान के आंकड़ों ने सबको चौंका दिया है। भोपाल, नर्मदापुरम और उज्जैन जैसे संभागों में रात का तापमान सामान्य से करीब 5 से 7 डिग्री सेल्सियस तक ज्यादा दर्ज किया गया, जिससे रातें उतनी ठंडी महसूस नहीं हो रही थीं। वहीं ग्वालियर और चंबल संभाग में दिन का पारा भी सामान्य से 3 से 4 डिग्री अधिक बना हुआ था। अब बारिश के बाद यह बढ़ा हुआ तापमान अचानक नीचे गिर सकता है, जिससे सर्दी का अहसास तेज हो जाएगा।