सुसाइट नोट जब्ती के बाद भी आरोपियों की नही हुई गिरफ्तारी आरक्षक व एसआई को बचाने में लगा पुलिस महकमा
Chhindwara suicide case। छिंदवाड़ा के कोतवाली थाना क्षेत्र में आरक्षक की पत्नी की आत्महत्या के मामले में एक महीने बाद भी किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होने से सवाल खड़े हो रहे हैं। 9 फरवरी को हुई इस घटना में मृतका द्वारा लिखे गए सुसाइड नोट को पुलिस ने जब्त कर लिया था और परिजनों के बयान भी दर्ज किए गए थे, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई है।
पुलिस ने सुसाइट नोट जब्त कर प्रकरण तो पंजीबद्ध कर लिया लेकिन अभी तक आरोपियों की गिरफ्तारी नही की गई। मर्ग जांच के दौरान मृतिका के भाई राजेश रघुवंशी पिता डुलीचंद रघुवंशी, मृतिका के चचेरे भाई मधुर रघुवंशी, मृतिका की मां देवकी रघुवंशी, मृतिका के बडे भाई गिरजेश रघुवंशी के कथन लेख किये गये जिन्होने मृतिका प्रीति रघुवंशी की मौत के लिए मृतिका की सास प्रेमवती बाई, पति चंद्रकिशोर रघुवंशी, ननद बबली रघुवंशी, नंदोई रंजीत रघुवंशी, नीलू रघुवंशी, एसआई अनिता सराटे को जिम्मेदार बताया गया है।
मृतका के परिवार का आरोप है कि पुलिस विभाग अपने ही कर्मचारियों को बचाने की कोशिश कर रहा है। उक्त मामले मे थाना प्रभारी की भूमिका पर भी संदेह उत्पन्न हो रहा है। पुलिस के उच्च अधिकारियों को चाहिए कि थाना प्रभारी की भी जांच करा कर कार्रवाई करे।
एक माह में नही हो सकी गिरफ्तारी
पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर एक माह बीत जाने के बाद भी आरक्षक पति एवं एस आई महिला को गिरफ्तार नही किया गया है। लोगों का कहना है कि पुलिस अपने विभाग के कर्मचारियों को बचाने का प्रयास कर रही है। वही पुलिस का कहना है कि मामले की जांच जारी है। जांच उपरांत कार्रवाई की जावेगी। अब देखना होगा कि पुलिस आरोपियों को कब तक गिरफ्तार करती है। क्योकि उक्त मामले में पुलिस विभाग के कर्मचारी पूरी तरह से आरोपी है।मामला इस प्रकार
9 फरवरी को थाना क्षेत्र छिंदवाड़ा कोतवाली अंतर्गत प्रीति रघुवंशी पति चंद्रकिशोर रघुवंशी ने अपने किराये के घर मे फासी लगाकर आत्महत्या कर ली। मृतिका द्वारा आत्महत्या के पूर्व सुसाइट नोट भी लिख कर रखे गये थे जिसमें आरक्षक पति चंद्रकिशोर रघुवंशी पर मारपीट करना लिखा गया था एवं महिला एस आई से अवैध संबंध की बात भी लिखी गई। इसके अतिरिक्त मृतिका के नंद व बहनोई एवं सास द्वारा भी प्रताड़ित करना लिखा गया।
पुलिस ने सुसाइट नोट जब्त कर प्रकरण तो पंजीबद्ध कर लिया लेकिन अभी तक आरोपियों की गिरफ्तारी नही की गई। मर्ग जांच के दौरान मृतिका के भाई राजेश रघुवंशी पिता डुलीचंद रघुवंशी, मृतिका के चचेरे भाई मधुर रघुवंशी, मृतिका की मां देवकी रघुवंशी, मृतिका के बडे भाई गिरजेश रघुवंशी के कथन लेख किये गये जिन्होने मृतिका प्रीति रघुवंशी की मौत के लिए मृतिका की सास प्रेमवती बाई, पति चंद्रकिशोर रघुवंशी, ननद बबली रघुवंशी, नंदोई रंजीत रघुवंशी, नीलू रघुवंशी, एसआई अनिता सराटे को जिम्मेदार बताया गया है। 