नरसिंहपुर पुलिस का बड़ा एक्शन: ‘ऑपरेशन ईगल क्लॉ’ में 15 लाख की अवैध शराब और कार जब्त, 3 तस्कर गिरफ्तार
- नरसिंहपुर पुलिस ने ‘ऑपरेशन ईगल क्लॉ’ के तहत अवैध शराब तस्करी के खिलाफ एक और बड़ी सफलता हासिल की है।
- गाडरवारा के अमर शक्ति कॉलोनी में पुलिस ने घेराबंदी कर 50 पेटी अवैध देसी शराब जब्त की।
- शराब तस्करी में शामिल 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिसमें एक आरोपी उत्तर प्रदेश के प्रयागराज का है।
- मौके से शराब के साथ तस्करी में इस्तेमाल हो रही करीब 12.5 लाख रुपये की जायलो कार भी जब्त की गई।
Narsinghpur Police News Today : मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले की गाडरवारा पुलिस ने अवैध शराब के काले कारोबार पर एक बड़ी चोट की है। पुलिस अधीक्षक डॉ. ऋषिकेश मीना के निर्देशन में जिला पुलिस इन दिनों अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ विशेष अभियान ‘ऑपरेशन ईगल क्लॉ’ चला रही है। इसी कड़ी में गाडरवारा पुलिस ने 14 मई 2026 की दोपहर को एक सटीक सूचना के आधार पर जमाड़ा रोड स्थित अमर शक्ति कॉलोनी में घेराबंदी की।
पुलिस ने मौके से एक जायलो गाड़ी को रोका, जिसमें अवैध रूप से शराब की तस्करी की जा रही थी। इस कार्रवाई में पुलिस ने तीन आरोपियों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया, जिनमें से एक आरोपी उत्तर प्रदेश के प्रयागराज का रहने वाला है।
पुलिस ने आरोपियों के पास से 50 पेटी देसी शराब और तस्करी में इस्तेमाल हो रही कार जब्त की है, जिसकी कुल कीमत करीब 15 लाख रुपये है। पुलिस ने यह कदम क्षेत्र में अवैध नशीले पदार्थों की सप्लाई चेन को पूरी तरह से ध्वस्त करने के लिए उठाया है।
मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने बिछाया जाल
गाडरवारा पुलिस को क्षेत्र में अवैध शराब की एक बड़ी खेप आने की गोपनीय जानकारी मिली थी। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संदीप भूरिया के मार्गदर्शन और अनुविभागीय अधिकारी (एसडीओपी) ललित सिंह डागुर के नेतृत्व में तुरंत एक विशेष टीम का गठन किया गया।
पुलिस टीम ने बिना वक्त गंवाए अमर शक्ति कॉलोनी के पास जाल बिछाया। जैसे ही संदिग्ध जायलो कार वहां पहुंची, सजग पुलिसकर्मियों ने उसे चारों तरफ से घेर लिया। कार की तलाशी लेने पर पुलिस को भारी मात्रा में अवैध शराब मिली, जिसे छिपाकर ले जाया जा रहा था।
पकड़े गए आरोपियों में यूपी का कनेक्शन आया सामने
पुलिस की इस कार्रवाई में पकड़े गए आरोपियों की पहचान हीरालाल बाथरे (निवासी खमतरा, नरसिंहपुर) और मुकेश कुर्मी (निवासी शास्त्री वार्ड, गाडरवारा) के रूप में हुई है। वहीं इस मामले में सबसे चौंकाने वाला नाम आयुष मिश्रा का है, जो उत्तर प्रदेश के प्रयागराज (शंकरगढ़) का रहने वाला है।
उत्तर प्रदेश के आरोपी की संलिप्तता से साफ है कि शराब तस्करी के इस खेल के तार दूसरे राज्यों से भी जुड़े हो सकते हैं। पुलिस अब इस अंतरराज्यीय कनेक्शन की बारीकी से जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि शराब कहां से लाई जा रही थी और इसे कहां खपाया जाना था।
15 लाख रुपये का मशरूका जब्त, आबकारी एक्ट में केस दर्ज
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कुल 50 पेटी देसी शराब बरामद की है। इसमें 30 पेटी देसी मसाला शराब और 20 पेटी देसी प्लेन शराब शामिल है। इस जब्त शराब की कुल कीमत करीब 2 लाख 30 हजार रुपये आंकी गई है। इसके साथ ही तस्करी में इस्तेमाल हो रही जायलो कार को भी पुलिस ने जब्त कर लिया है, जिसकी कीमत लगभग 12.5 लाख रुपये है।
इस तरह कुल जब्त माल (मशरूका) की कीमत 15 लाख रुपये के आसपास है। पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ मध्य प्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें हिरासत में ले लिया है। आपको बता दें कि इस धारा के तहत गैर-जमानती वारंट और कड़ी सजा का प्रावधान है।












