Mp Satna news : सतना जिला न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी, ई-मेल से मचा हड़कंप
कोर्ट और जज कार्यालय में ‘15 जहरीले गैस बम’ लगाने का दावा, सुरक्षा एजेंसियां सतर्क
Mp Satna news । शुक्रवार सुबह मध्य प्रदेश के सतना जिला न्यायालय में उस समय हड़कंप मच गया जब कोर्ट की आधिकारिक ई-मेल आईडी पर एक धमकी भरा संदेश प्राप्त हुआ। ई-मेल में दावा किया गया कि न्यायालय परिसर और जजों के कार्यालयों में 15 जहरीली गैस के बम लगाए गए हैं, जो दोपहर 1 बजे विस्फोट करेंगे। सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस महकमा सक्रिय हो गया और पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।
तुरंत एक्शन में प्रशासन, जांच के निर्देश
धमकी भरा ई-मेल मिलने के बाद प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने तुरंत कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक को सूचित किया। उन्होंने बम निरोधक दस्ता भेजने के साथ ही सतना जिला न्यायालय सहित मैहर, अमरपाटन और अन्य तहसील स्तर के न्यायालयों की व्यापक सुरक्षा जांच कराने के निर्देश दिए।
प्रशासन ने स्पष्ट किया कि सभी न्यायालय परिसरों में सघन जांच की जा रही है और हर संदिग्ध गतिविधि पर नजर रखी जा रही है। पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां कोर्ट परिसर के भीतर और आसपास के इलाकों में तलाशी अभियान चला रही हैं।
सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर
धमकी मिलने के बाद पुलिस, बम निरोधक दस्ते और अन्य सुरक्षा एजेंसियों को तुरंत मौके पर तैनात किया गया। जांच के दौरान कोर्ट परिसर में आने-जाने वाले लोगों पर भी निगरानी बढ़ा दी गई है।
अधिकारियों के मुताबिक, फिलहाल किसी भी प्रकार की संदिग्ध वस्तु मिलने की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन सुरक्षा में कोई ढिलाई नहीं बरती जा रही। सभी न्यायालय परिसरों को एहतियात के तौर पर हाई अलर्ट पर रखा गया है।
पहले भी मिल चुकी हैं ऐसी धमकियां
यह पहला मामला नहीं है जब अदालतों को इस तरह की धमकी मिली हो। इससे पहले रीवा और छत्तीसगढ़ सहित देश के अन्य हिस्सों में भी न्यायालयों को इसी तरह के ई-मेल के जरिए बम धमाकों की चेतावनी दी जा चुकी है।
पूर्व में मिली धमकियों के बाद जब जांच की गई थी, तब किसी भी स्थान पर बम या विस्फोटक सामग्री नहीं मिली थी। कई मामलों में यह पाया गया कि ऐसे ई-मेल केवल दहशत फैलाने के उद्देश्य से भेजे गए थे।
ई-मेल भेजने वाले की तलाश जारी
पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि धमकी भरा ई-मेल कहां से भेजा गया और इसके पीछे कौन लोग हैं। साइबर सेल की टीम ई-मेल की तकनीकी जांच कर रही है, ताकि इसके स्रोत का पता लगाया जा सके।
अधिकारियों का कहना है कि इस तरह की धमकियों को हल्के में नहीं लिया जा सकता। हर पहलू को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम भी किए जाएंगे।












